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हापुड़ में स्वाइन फ्लू से पहली मौत, चार नए केस मिले, मेरठ मेडिकल में 20 बेड का वार्ड तैयार

स्‍वाइन फ्लू की वजह से लखनऊ में एक मरीज की मौत हो चुकी है। हापुड़ के शख्‍स की भी नोएडा के अस्‍पताल में मौत हो गई। इसके अलावा चार अन्‍य मरीज मिले हैं।

Gaurav Dwivedi
August 30, 2026
3 min read
हापुड़ में स्वाइन फ्लू से पहली मौत, चार नए केस मिले, मेरठ मेडिकल में 20 बेड का वार्ड तैयार

हापुड़/मेरठ: पश्चिमी उत्तर प्रदेश में H1N1 यानी स्वाइन फ्लू का खतरा बढ़ता नजर आ रहा है। हापुड़ में संक्रमण से पहली मौत सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग अलर्ट मोड में आ गया है। धनौरा गांव निवासी नानक चंद शर्मा की नोएडा के अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। उनकी जांच रिपोर्ट में H1N1 संक्रमण की पुष्टि हुई थी। इसके साथ ही जिले में चार अन्य लोगों के भी स्वाइन फ्लू से संक्रमित होने की जानकारी सामने आई है। वहीं मेरठ मेडिकल कॉलेज में 20 बेड का अलग वार्ड तैयार किया गया है।

नानक चंद शर्मा की तबीयत बिगड़ने पर परिजनों ने उन्हें उपचार के लिए नोएडा के अस्पताल में भर्ती कराया था। चिकित्सकों ने जांच कराई तो रिपोर्ट में H1N1 संक्रमण की पुष्टि हुई। उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। हापुड़ जिले में स्वाइन फ्लू से मौत का यह पहला मामला सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने निगरानी और जांच का दायरा बढ़ा दिया है।

चार मरीजों में H1N1 संक्रमण की पुष्टि

चार अन्य मरीजों में भी H1N1 संक्रमण की पुष्टि RTPCR जांच के जरिए हुई है। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग की टीमें संक्रमित मरीजों के संपर्क में आए लोगों की जानकारी जुटाने में लगी हैं। अधिकारियों ने संबंधित टीमों को सतर्क रहने और संभावित मरीजों की पहचान कर उनकी जांच कराने के निर्देश दिए हैं। वहीं हापुड़ में स्वास्थ्य विभाग के दो अधिकारियों की तबीयत खराब होने की सूचना से भी विभागीय स्तर पर चिंता बढ़ी है। हालांकि, उनके H1N1 संक्रमित होने की अभी पुष्टि नहीं हुई है। विभाग उनकी स्वास्थ्य स्थिति पर नजर बनाए हुए है।

वास्‍थ्‍य विभाग ने बढ़ाई निगरानी

हापुड़ में एक साथ कई संक्रमित मरीज मिलने और जिले में पहली मौत के बाद स्वास्थ्य विभाग ने निगरानी बढ़ा दी है। लोगों से अपील की गई है कि खांसी, जुकाम, बुखार या अन्य लक्षण होने पर लापरवाही न बरतें और चिकित्सकीय सलाह लें। अधिकारियों का कहना है कि स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त कदम उठाए जाएंगे।

मेरठ मेडिकल कॉलेज में 20 बेड का अलग वार्ड

हापुड़ में मामले सामने आने के बीच मेरठ मेडिकल कॉलेज ने भी स्वाइन फ्लू से निपटने के लिए तैयारियां तेज कर दी हैं। इमरजेंसी वार्ड में H1N1 संक्रमित मरीजों के लिए अलग से 20 बेड का वार्ड तैयार किया गया है। इनमें 10 बेड महिला और 10 बेड पुरुष मरीजों के लिए आरक्षित किए गए हैं।

गंभीर मरीजों की स्थिति को देखते हुए वार्ड में ऑक्सीजन और वेंटिलेटर की व्यवस्था की गई है। इसके अलावा आवश्यक दवाइयां और अन्य चिकित्सकीय सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गई हैं। मेडिकल कॉलेज के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अजीत चौधरी के मुताबिक, किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए अस्पताल प्रशासन पूरी तरह तैयार है। स्वाइन फ्लू की जांच और मरीजों को चिकित्सकीय परामर्श देने के लिए अलग ओपीडी भी शुरू की गई है।

खांसी-जुकाम और बुखार के मरीजों की बढ़ी निगरानी

मेडिकल कॉलेज की स्वाइन फ्लू ओपीडी में खांसी, जुकाम और बुखार जैसे लक्षण वाले मरीजों की जांच और परामर्श किया जा रहा है। शनिवार को सुबह 10 बजे से दोपहर एक बजे तक 48 मरीज इन लक्षणों के साथ ओपीडी पहुंचे।

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